धार्मिक स्थलों को खोलने के संबंध में गठित समिति ने किया निरीक्षण, 6 प्रमुख धार्मिक स्थलों पर लिया जायजा

उदयपुर (Udaipur). धार्मिक स्थलों को सावधानी पूर्वक खोलने हेतु जिला स्तर पर गठित कमेटी की 4 सितंबर को आयोजित बैठक में लिए गए निर्णयानुसार बड़े धार्मिक स्थल जहॉ स्थानीय निवासियों के साथ अन्य जिलों एवं अन्य राज्यों के व्यक्ति भी दर्शनार्थ एवं पूजा अर्चना हेतु आते है, उनको खोले जाने से पूर्व जिला मजिस्टेªट चेतन देवड़ा, पुलिस (Police) अधीक्षक कैलाश विश्नोई एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दिनेश खराड़ी द्वारा संयुक्त रूप से 5 सितंबर को निरीक्षण किया तथा इस हेतु जारी गाईडलाईन में दिये गये समस्त निर्देशों की पालना के लिए अतिरिक्त जिला मजिस्टेªट (नगर) संजय कुमार एवं अति. जिला पुलिस (Police) अधीक्षक गोपालस्वरूप मेवाड़ा द्वारा 6 सितंबर को पुनः निरीक्षण किया गया. निरीक्षण के दौरान व्यवस्थाएं एवं सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के मद्देनजर धार्मिक स्थल खोलेने के संबंध में आवश्यक निर्णय लेते हुए अनुमति प्रदान की गई है.

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एडीएम संजय कुमार ने बताया कि एकलिंग जी मंदिर (कैलाशपुरी) व जगदीश मंदिर के निरीक्षण में पाया गया कि मंदिर प्रबन्धन द्वारा कोरोना (Corona virus) के संक्रमण से बचाव के लिए पर्याप्त सुरक्षात्मक उपाय किये गये है. ऐसे में मंदिर 7 सितंबर से खोलने की स्वीकृति दी गई है. पलटन मस्जिद के निरीक्षण में पाया कि मस्जिद प्रबन्धन द्वारा कोरोना (Corona virus) के संक्रमण से बचाव के लिए पर्याप्त सुरक्षात्मक उपाय किये गये है, ऐसे मेंमस्जिद 7 सितंबर से खोलने की स्वीकृति दी गई. एडीएम ने बताया कि मस्तान बाबा दरगाह के निरीक्षण में कोरोना (Corona virus) के संक्रमण से बचाव के लिए पर्याप्त सुरक्षात्मक उपाय नहीं होने से 6 सितंबर को पुनः निरीक्षण किया गया जहां मस्तान बाबा दरगाह पर मस्जिद प्रबन्धन द्वारा 8 सितंबर तक पर्याप्त सुरक्षात्मक उपाय किये जाने बाबत अवगत कराया. उन्होंने बताया कि यहां 8 सितंबर से कोरोना (Corona virus) के संक्रमण से बचाव के लिए पर्याप्त सुरक्षात्मक उपाय होने पर पुनः निरीक्षण कर धार्मिक स्थल खोलने की स्वीकृति प्रदान की जाएगी.

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उन्होंने बताया कि महाकालेश्वर मंदिर में कोरोना (Corona virus) के संक्रमण से बचाव के लिए पर्याप्त सुरक्षात्मक उपाय पुख्ता नहीं होने मंदिर प्रबन्धन द्वारा 1 अक्टूबर से खोले जाने का निवेदन किया गया. इस पर जिला मजिस्टेªट द्वारा कोरोना (Corona virus) के संक्रमण से बचाव के लिए पर्याप्त सुरक्षात्मक उपाय होने पर ही 1 अक्टूबर के पश्चात समीक्षा व निरीक्षण कर निर्णय लिया जाएगा.  इसी प्रकार ऋषभदेव मंदिर (केसरिया जी) में उपखण्ड मजिस्टेªट, ऋषभदेव, सहायक आयुक्त, देवस्थान विभाग, ऋषभदेव एवं पुलिस (Police) उप अधीक्षक, ऋषभदेव द्वारा कोरोना (Corona virus) के संक्रमण से बचाव के लिए पर्याप्त सुरक्षात्मक उपाय पुख्ता नहीं होने के बाद अवगत कराया वहीं मंदिर प्रबन्धन द्वारा 30 सितंबर से खोले जाने के निवेदन पर जिला मजिस्टेªट द्वारा कोरोना (Corona virus) के संक्रमण से बचाव के लिए पर्याप्त सुरक्षात्मक उपाय होने पर ही 30 सितंबर के पश्चात समीक्षा/निरीक्षण कर निर्णय लिया जाएगा. एडीएम ने बताया कि इनके अतिरिक्त जिले में शेष सभी धार्मिक स्थलों को राज्य सरकार (Government) द्वारा जारी आदेशों/निर्देशों की अनुपालना सुनिश्चित करने एवं आवश्यक शर्तों की पालना के साथ 7 सितंबर से खोलने की अनुमति दी गई है.

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