Thursday , 21 January 2021

धार्मिक विविधता और सह अस्तित्व की भावना के लिए दुनिया के लिए मिशाल बना भारत : एडम्स

लंदन . ब्रिटिश सरकार ने हाउस ऑफ कॉमंस में चर्चा के दौरान भारत की धार्मिक विविधता और ‘स्थिर हिन्दू बहुसंख्यकों के साथ धार्मिक अल्पसंख्यकों की मिलीजुली बुनावट’ की तारीफ की. चर्चा में साझा वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए ब्रिटेन-भारत अंतर-धर्म वार्ता को बढ़ावा देने के लिए किए गए महत्वपूर्ण कार्यों को भी रेखांकित किया गया.

विदेश, राष्ट्रमंडल और विकास कार्यालय के मंत्री निगेल एडम्स ने ‘भारत : अल्पसंख्यक समूहों के उत्पीड़न’ विषय पर चर्चा के दौरान एशिया मामलों के मंत्री की ओर से उत्तर देते हुए सदन के सदस्यों को आश्वासन दिया कि मानवाधिकार से जुड़े किसी भी मुश्किल मुद्दे और विषय को स्वतंत्र और खुले तौर पर भारतीय सांसदों की ओर से मंत्री स्तर पर और काउंसलर स्तर पर उठाया जाता है.

  सत्ता छोड़ने के पहले 100 लोगों को रिहा करेंगे राष्ट्रपति ट्रंप, पारिवारिक सूत्रों ने बताया उनका खुद को माफी देने का इरादा नहीं

उन्होंने कहा भारत का धर्मनिरपेक्ष संविधान सभी नागरिकों को समान अधिकार प्रदान करता है. मंत्री ने कहा हममें से जिसे भी भारत यात्रा का अवसर मिला है, उन्हें पता है कि वह कितना अद्भुत देश है. यह दुनिया में सबसे ज्यादा धार्मिक विविधताओं वाले देश में से एक है. उन्होंने कहा, मैं आश्वस्त कर सकती हूं कि विदेश मंत्री डॉमिनिक राब ने दिसंबर में भारत यात्रा के दौरान मानवाधिकार के कई मुद्दे अपने भारतीय समकक्ष के सामने उठाए, जिसमें कश्मीर के हालात भी शामिल थे और हम आशा करते हैं कि भारत इनका समाधान करेगा. सरकार वह भारत के संविधान और गौरवपूर्ण समावेशी परंपरा को बनाए रखेगी.

Please share this news

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *