Tuesday , 24 November 2020

मोदी सरकार के प्रयासों से कोरोना के बाद वह शानदार वृद्धि देख पा रहे : मुकेश अंबानी


गांधीनगर . रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मुकेश अंबानी ने पंडित दीनदयाल पेट्रोलियम विश्वविद्यालय के 8वें दीक्षांत समारोह को संबोधित कर कहा कि भारत कोरोना के खिलाफ अपनी लड़ाई में एक अहम चरण में पहुंच चुका है. इस मौके पर कोई भी लापरवाही खतरनाक हो सकती है. उन्होंने कहा कि मोदी सरकार द्वारा किए गए साहसिक सुधारों से आने वाले वर्षों में तेज रिकवरी और प्रगति होगी. मुकेश अंबानी की यह टिप्पणी उस समय आई है, जब देश के कुछ हिस्सों में कोविड-19 (Covid-19) के मामले फिर बढ़ना शुरु हो चुके है. इसके कारण प्रशासन को पाबंदियां लगाने पर मजबूर होना पड़ रहा है.

  Youtube पर एड दिखाने पर क्रिएटर्स को नहीं मिलेंगे पैसे, Youtube की पॉलिसी में बड़ा बदलाव

पंडित दीनदयाल पेट्रोलियम विश्वविद्यालय के अध्यक्ष मुकेश अंबानी ने कहा, भारत कोविड-19 (Covid-19) के खिलाफ लड़ाई में एक महत्वपूर्ण चरण में पहुंच चुका है. इस महत्वपूर्ण मोड़ पर हम कोई लापरवाही नहीं कर सकते हैं. उन्होंने कहा कि भारत एक प्राचीन देव भूमि है,इसके अतीत में कई विकट परिस्थितियों का सामना कर हर बार उससे बाहर निकलकर और मजबूत हुआ है, क्योंकि हमारे लोगों और संस्कृति में लचीलापन रचा बसा हुआ है.

  वर्ल्ड कप विनर कैप्टन एलेन बॉडर्र बोले- कोहली जैसे क्रिकेटरों से जिंदा है टेस्ट क्रिकेट

अंबानी ने कहा कि कोरोना के बाद वह शानदार वृद्धि देख पा रहे हैं. उन्होंने स्नातक हो रहे छात्रों से कहा कि वे सारी चिंता छोड़कर आशा और विश्वास के साथ बाहर की दुनिया में प्रवेश करें. उन्होंने कहा, अगले दो दशक में भारत दुनिया की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होगा. अंबानी ने कहा कि वर्तमान में दुनिया के सामने चुनौती है कि क्या हम पर्यावरण को नुकसान पहुंचाए बिना अपनी अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाने के लिए जरूरी ऊर्जा का उत्पादन कर सकते हैं.

  देश में 80 फीसदी हिन्दू होने के बाद भी क्या कारण है कि भाजपा का मत प्रतिशत उसके आधे से भी कम है

अंबानी ने कहा कि भारत को आर्थिक महाशक्ति बनने के साथ ही स्वच्छ और हरित ऊर्जा महाशक्ति बनने के भी लक्ष्य को पूरा करने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि हमें लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए नवीकरणीय, कम कार्बन और कार्बन रीसायकल तकनीकों में समाधान की आवश्यकता है, हमें नए ऊर्जा स्रोतों जैसे कि ग्रीन और ब्लू हाइड्रोजन में महत्वपूर्ण खोज करने जरूरत है. हमें ऊर्जा भंडारण, बचत और उपयोग में महान नवाचारों की भी आवश्यकता है.

 

Please share this news

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *