
कोलकाता, 25 मार्च: तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने पश्चिम बंगाल के भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र में सुरजीत रॉय को रिटर्निंग ऑफिसर नियुक्त करने पर आपत्ति जताई है. टीएमसी ने चुनाव आयोग को एक शिकायत पत्र भेजा है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि सुरजीत रॉय भाजपा के नेता सुवेंदु अधिकारी के करीबी हैं और इस कारण वे निष्पक्ष नहीं रह सकते.
भवानीपुर से चुनाव लड़ रहीं मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की पार्टी ने पत्र में लिखा है, “हम भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र के लिए सुरजीत रॉय की नियुक्ति को लेकर गंभीर चिंताओं को उजागर करना चाहते हैं. सुरजीत रॉय पहले नंदीग्राम-2 ब्लॉक के ब्लॉक डेवलपमेंट ऑफिसर (बीडीओ) रह चुके हैं. उनकी स्वतंत्रता और रिटर्निंग ऑफिसर के रूप में कार्य करने की क्षमता पर सवाल उठते हैं.”
टीएमसी ने आरोप लगाया है कि सुरजीत रॉय भाजपा के सुवेंदु अधिकारी के साथ घनिष्ठ संबंध रखते हैं, जो भवानीपुर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ रहे हैं. इससे उनके कार्य में भेदभाव और निष्पक्षता की कमी की संभावना बढ़ जाती है.
पार्टी ने यह भी कहा कि सुरजीत रॉय की वर्तमान पदस्थापना अतिरिक्त निदेशक, भूमि रिकॉर्ड्स के रूप में उनकी वरिष्ठता के अनुरूप नहीं है. इस नियुक्ति के समय और परिस्थितियों पर भी सवाल उठाए गए हैं. आमतौर पर, इस पद पर जॉइंट सेक्रेटरी-लेवल के अधिकारी होते हैं.
टीएमसी ने अपने पत्र में कहा कि रिटर्निंग ऑफिसर की भूमिका स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक है. किसी भी अधिकारी में पक्षपात या स्वतंत्रता की कमी का संदेह चुनाव प्रक्रिया में सार्वजनिक विश्वास को कमजोर कर सकता है. यह संविधान के अनुच्छेद 324 के तहत चुनाव आयोग के कर्तव्यों के विपरीत है.
टीएमसी ने मांग की है कि सुरजीत रॉय की नियुक्ति को तुरंत रद्द किया जाए और उन्हें सभी चुनाव-संबंधित कर्तव्यों से हटाया जाए. पार्टी ने चुनाव आयोग से भवानीपुर के लिए एक स्वतंत्र और निष्पक्ष अधिकारी की नियुक्ति का आग्रह किया है.